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18 जनवरी को बिहार आएंगे मध्य प्रदेश के सीएम मोहन यादव, मिनट टू मिनट कार्यक्रम…

Desk : बिहार में यादव समाज के लोगों को राष्ट्रीय जनता दल का पारंपरिक वोटर माना जाता है । इतना ही नहीं बिहार में इस समाज की आबादी 14 प्रतिशत से थोड़ी अधिक भी है । बिहार में नीतीश कुमार के एनडीए के कार्यकाल में मुसलमान वोटर बंट गए हैं । नीतीश कुमार ने पसमांदा मुसलमानों की श्रेणी बनाकर मुसलमानों के ज्यादतर वोटरों को आरजेडी से झटक भी ले चुके हैं । हालांकि मुसलमानों को नीतीश की एनडीए और महागठबंधन के साथ आवाजाही नागवार लग रही है । इसकी बानगी दिखी 2020 के विधानसभा चुनाव में, जब जेडीयू के सभी मुस्लिम उम्मीदवार चुनाव हार गए थे । आरजेडी मुस्लिम और यादवों की तकरीबन 35 प्रतिशत आबादी के वोटों पर इतराता रहा है । आंकड़ों की दृष्टि से आरजेडी का यह मजबूत पक्ष बताया जा रहा है । भाजपा मुसलमानों को पटाने में अपनी ऊर्जा खपाने के बजाय यादवों को अब अधिक महत्व देने की रणनीति पर काम कर रही है । वहीं बीजेपी ने अपनी रणनीति पर अमल करने के लिए गोवर्धन पूजा के दिन 14 नवंबर को पटना में यदुवंशी समाज का मिलन समारोह भी आयोजित किया था। वहीं यादव समाज से आने वाले केंद्रीय गृह राज्यमंत्री नित्यानंद राय, बिहार के पूर्व मंत्री नंदकिशोर यादव, विधान परिषद के सदस्य नवल किशोर यादव और रामकृपाल यादव को इसका दायित्व सौंपा था । कार्यक्रम में यादव समाज के लोगों का बड़ा नहीं, पर खासा जुटान हुआ था । वहीं भाजपा ने दावा किया कि मिलन समारोह में 21 हजार से अधिक लोगों ने बीजेपी की सदस्यता ली है । आरजेडी से यादवों का मोह भंग कराने के लिए बीजेपी का यह सांकेतिक और पहला प्रयास रहा था । यादवों पर पकड़ मजबूत करने के लिए बीजेपी का दूसरा प्रयास था मध्य प्रदेश में मोहन यादव को सीएम बनाना । बीजेपी ने यह साबित किया कि उसे लालू यादव के घराने से उसके भ्रष्टाचार को लेकर चिढ़ हो सकती है, हालांकि यादव समाज के लिए उसका दिल बहुत बड़ा है । यह सभी जानते हैं कि मध्य प्रदेश में भाजपा की जीत की बड़ी वजह शिवराज सिंह चौहान की लाडली बहना जैसी योजना थी । शिवराज सिंह सीएम पद के प्रबल दावेदारों में पहले नंबर पर थे ।

मोहन यादव को भाजपा बना रही जीत का सहारा

BJP ने अब मोहन यादव को भुनाने का प्रयास शुरू कर दिया है । उन्हें बिहार के बाद उत्तर प्रदेश में बुलाने की रणनीति बनी है । बिहार के लिए तो उनका कार्यक्रम भी तय हो चुका है । मोहन यादव 18 जनवरी को बिहार में यादव समाज की ओर से आयोजित अपने अभिनंदन समारोह में शामिल होंगे । भाजपा ने इसके लिए भी यादव समाज के कुछ प्रमुख लोगों को सामने रख कर कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की है । हालांकि कार्यक्रम को गैर राजनीतिक रूप देने के लिए श्री कृष्ण चेतना विचार मंच के बैनर का सहारा लिया गया है ।

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